अहम ऐलान
दारुल इफ़्ता में आपका ख़ैर मक़दम है। अपने दीनी व शरई सवालात के मुस्तनद जवाबात के लिए सवाल भेजें।

ISLAMI MALUMAT

मरकज़-ए-तहक़ीक़ व इफ़्ता
शरई फ़तवा दस्तावेज़

सवाल: ऊन और बाल का कपड़ा पहनना कैसा है

तारीख़: रविवार, जनवरी 22, 2023

सवाल औरतों को ऊन और बाल का कपड़ा पहनना कैसा है

अल जवाब ऊन और बाल का कपड़ा पहनना औरत और मर्द सबके लिए शरअ् में कोई मुमानअ्त नहीं, और अम्बिया अलैहिमुस्सलाम की सुन्नत भी है

📚 फ़तावा आलमगीरी, जिल्द 05 सफ़ह 333)

और ऊन और बाल का लिबास पहनना अजिज़ व इनकिसारी की निशानी है

हदीस शरीफ़ में है आक़ा सल्लल्लाहू तआला अलैहि वसल्लम इरशाद फ़रमाते हैं

ऊन के कपड़े पहनकर अपने दिलों को मुनव्वर करो कि यह दुनिया में मुज़िल्लत है (यानी दुनिया वालों के नज़दीक ऐसे कपड़े पहनना हक़ीर समझा जाता है लेकिन आख़िरत में इज़्ज़त का बाइस है) और आख़िरत में नूर है

📚 ब हवाला आलमगीरी जिल्द 05 सफ़ह 333)

और हुज़ूर सदरुश्शरिअह अल्लामा अमजद अली अलैहिर्रहमा फ़रमाते हैं

ऊन और बालों के कपड़े अम्बिया ए किराम अलैहिमुस्सलाम की सुन्नत है सबसे पहले हज़रत सुलेमान अलैहिस्सलातू वस्सलाम ने यह कपड़े पहने

📚 बहारे शरिअत जिल्द 03 सफ़ह 416)

लिहाज़ा ऊन और बाल के कपड़े पहनने में हर्ज नहीं बल्कि बेहतर है और तवाज़ो की निशानी है

✍️कत्बा अल अबद ख़ाकसार नाचीज़ मोहम्मद शफीक़ रजा़ रिज़वी ख़तीब व इमाम सुन्नी मस्जिद हज़रत मन्सूर शाह रहमतुल्ला अलैहि बस स्टैंड किशनपुर यूपी

सवाब-ए-जारिया की नीयत से शेयर करें:

दारुल इफ़्ता में अपना शरई सवाल भेजें

संबंधित अन्य फ़तावा:

फ़तावा लोड हो रहे हैं...

फ़िक़्ही अबवाब व विषय सूची